न सड़क-न नेटवर्क:महिला की तबीयत बिगड़ी तो खाट पर लेकर 9 किलोमीटर तक चले परिजन, सीआरपीएफ कैंप पहुंचे तो मिली मदद

- बीमार महिला के परिजन ने कहा कि सबसे ज्यादा समस्या किसी ग्रामीण के बीमार पड़ने पर होती है
ये तस्वीर सुकमा-दंतेवाड़ा के बॉर्डर पर नक्सल प्रभावित इलाके के कोंडासावली के सीआरपीएफ 231 बटालियन के कैंप की है। यहां तक बीमार महिला को खाट पर लेकर परिजन 9 किलोमीटर चलकर पहुंचे। यहां उन्हें मदद मिली और एंबुलेंस बुलाकर अस्पताल भेजा गया।
दरअसल, गुमडी गांव की महिला नुप्पो हड़में की तबीयत सोमवार को अचानक खराब हो गई लेकिन गांव तक सड़क और नेटवर्क नहीं होने से परिजन खाट पर ढोकर पैदल निकले। भारी बारिश के बीच 9 किमी पैदल चलने के बाद कोंडासांवली में सीआरपीएफ जवानों ने उन्हें देखा तो कैंप में पदस्थ डॉक्टर ने प्राथमिक उपचार किया, फिर तुरंत संजीवनी 108 एंबुलेंस को सूचना दी। फिर जिला अस्पताल भेजा गया।
ग्रामीण बोले- कैंप तक पहुंचने में पांच घंटे लगे
बीमार महिला के परिजन ने कहा कि सबसे ज्यादा समस्या किसी ग्रामीण के बीमार पड़ने पर होती है। बीमार महिला को लेकर 5 घंटे पैदल चले तब जाकर सीआरपीएफ कैंप तक पहुंचे। यहां जवानों की मदद मिली। दरअसल यहां तैनात सीआरपीएफ के जवान समय-समय पर ग्रामीणों की मदद करते हैं।



