जांजगीर-चाम्पा जिला

खतरे में डालेंगे गुरुजी:कोरोना वैक्सीन नहीं लगवाने वाले टीचर भी पढ़ाएंगे बच्चों को, पालकों की बढ़ी चिंता

  • आज से शुरू होंगी प्रायमरी, आठवीं, दसवीं, बारहवीं की कक्षाएं
  • सक्ती के तीन ब्लॉक में 1810 शिक्षकों को नहीं लगी वैक्सीन, खतरे में स्टूडेंट्स

कोरोना से बचाव के लिए टीका को जरूरी बताया गया है। अप्रैल से सभी आमोखास को टीका लगाया जा रहा है। हेल्थ वर्कर, एफएलडब्ल्यू, राजस्व, पुलिस विभाग के अलावा अन्य लोगों को भी टीके लगाए जा रहे हैं। लेकिन शिक्षा विभाग के शिक्षकों की लापरवाही भी सामने आ रही है। शैक्षणिक जिला जांजगीर में कितने शिक्षक, शिक्षिकाओं को टीका लगा है, इसकी तो जानकारी ही नहीं है। वहीं शैक्षणिक जिला सक्ती के तीन ब्लॉक में 1810 शिक्षक, शिक्षिकाओं को कोरोना का पहला डोज ही नहीं लग पाया है।

कोरोना की लहर कम होने के बाद राज्य सरकार ने 2 अगस्त से स्कूल खोलने का निर्णय लिया है। 2 अगस्त से स्कूलों के साथ कॉलेज भी खुलेंगे। प्रथम चरण में पहली से 5वीं, 8वीं, 10वीं और 12वीं के छात्रों को ही स्कूल बुलाया जाएगा, जबकि 6वीं, 7वीं, 9वीं और 11वीं के विद्यार्थी ऑनलाइन ही पढ़ेंगे। कक्षाएं शुरू हाेने और बच्चाें काे स्कूल भेजने से पालकाें में डर है।

जांजगीर में जानकारी ही नहीं मंगाई
शैक्षणिक जिला कार्यालय जांजगीर में तो कितने शिक्षकों ने टीका लगवाया है, इसकी जानकारी ही नहीं मंगाई है। संकुल प्रभारियों ने बताया कि उनसे अभी जानकारी ही नहीं मांगी है। वहीं सक्ती में जानकारी ली है। लेकिन वहां भी पूरे शिक्षकों ने टीका नहीं लगवाया है।

2 ब्लॉकों में 1%से अधिक संक्रमण नहीं खुलेंगे स्कूल
शैक्षणिक जिला सक्ती के जैजैपुर और सक्ती ब्लॉक में अभी भी कोरोना की संक्रमण दर 1% से अधिक है। इसलिए वहीं की डीईओ मीता मुखर्जी ने इन दोनों ब्लॉकों में केवल आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल में कक्षाएं लगाने की छूट दी है। अन्य कक्षाएं नहीं लगेंगी।

मुझे नहीं है जानकारी
अभी मैंने हाल ही में ज्वाइन किया है, इसलिए मुझे इसकी जानकारी नहीं है कि कितने शिक्षक, शिक्षिकाओं को कोरोना का टीका लगा है। ऊपर कार्यालय से जानकारी मंगाने पर ही जानकारी डाउन लाइन से मंगाते हैं।
-डीके कौशिक, डीईओ, जांजगीर

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