समीक्षा बैठक:कलेक्टर ने की वर्चुअल मीटिंग, योजनाओं पर चर्चा

कलेक्टर महादेव कावरे ने गुरुवार को वर्चुअल माध्यम से आयुष्मान कार्ड बनाने की प्रगति, उचित मूल्य दुकानों से बारदाने उठाव की प्रगति, मनरेगा के कार्य, चारागाह विकास और वर्मी कम्पोस्ट खाद बनाने के संबंध में विस्तार से समीक्षा की। इस दौरान ऑनलाइन जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी केएस मण्डावी, सभी एसडीएम, जनपद सीईओ, विकास खण्ड के स्वास्थ्य अधिकारी और विकास खण्डवार सरपंच, सचिव सीधे जुड़े थे।
कलेक्टर ने सभी जनपद सीईओ और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश देते हुए आयुष्मान कार्ड बनाने में प्रगति लाने के लिए कहा है। जिले में अब तक लगभग 3 लाख 78 हजार आयुष्मान कार्ड बनाए गए हैं। जिन ग्राम पंचायतों में लोगों का कार्ड बनकर दिल्ली से आ गया है उनको वितरण करवाने के लिए जनपद सीईओ और सरपंच-सचिवों को निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिन ग्राम पंचायतों में कार्ड बनाने में धीमी प्रगति है वहां प्रगति लाने के निर्देश दिए हैं। बी.एल.ई. के माध्यम से पंजीयन कराकर कार्ड बनाने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों का आयुष्मान कार्ड बनकर नहीं आ पाया है। उनको वैकल्पिक व्यवस्था के तहत् कम्प्यूटर से प्रिंट आउट निकालकर उपयोग करने के लिए भी कहा गया है।
समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने विकास खण्ड वार एक-एक करके आयुष्मान कार्ड के संबंध में जानकारी ली। लगभग 5 लाख 20 हजार लोगों का कार्ड प्राथमिकता से बनाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों में मुनादी कराकर छूटे हुए लोगों का कार्ड बनाने के लिए बीएलई के माध्यम से पंजीयन कराएं। साथ ही लोगों की सूची सभी जनपद सीईओ और विकास खण्ड चिकित्सा अधिकारी को उपलब्ध करा दी गई है। उन्होंने कहा कि 20 अगस्त को ग्राम पंचायतों में ग्राम सभा का आयोजन किया जाना है। जाति प्रमाण-पत्र बनवाने के लिए ग्राम सभा में प्रस्ताव दे सकते हैं। उन्होंने सरपंच, सचिवों को ऐसे आवेदनों को प्राथमिकता से निराकरण करने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि जाति प्रमाण-पत्र बनाने के लिए जिनके पास रिकॉर्ड नहीं रहता है वे ग्राम सभा में प्रस्ताव के आधार पर जाति प्रमाण-पत्र के लिए आवेदन कर सकते हैं, उनका प्रमाण पत्र बनेगा।



